रविवार, 23 अक्तूबर 2011

जागिये देखिये फिर लिखिए

सम्मानित पत्रकार बंधुओ, यह ब्लॉग इसलिए बनाया गया है की यहाँ पर ब्लोगरो और उनके बारे में ब्लॉग समीक्षा सहित किस ब्लॉग की क्या विशेषता है. क्या अच्छैया और क्या बुराइयाँ है. जिस हम खुलकर लिख और बोल सके. ताकि यहाँ पर आने वाला पाठक उस ब्लॉग पर जाकर जानकारी ले सके, यह पर बिलकुल उसी तरह कार्य करना है जैसे किसी समाचार का पत्रकार करता है. यह मेरी कमी है की व्यस्तता की वजह से मैं काफी दिन तक दूर रहा. इस बीच नियमो की अवहेलना होती रही. यहाँ कविता और लेख प्रकाशित होने लगे. आगे से भी लेखा यहाँ पर अपना योगदान दे वह निष्पक्ष पत्रकारकी तरह दे, यदि किसी को इसमें परेशानी है तो कुछ भी न लिखे पर नियमो की अवहेलना अब नहीं होगी.
      आपका - हरीश सिंह

1 टिप्पणी:

जाट देवता (संदीप पवाँर) ने कहा…

चलो जी आगे ध्यान रखना यही बहुत है। नियम तो आखिर नियम ही है मानने ही चाहिए।